क्या आप भी बाथरूम में मोबाइल का इस्तेमाल करते हैं? अगर आपका जवाब हां है तो बता दें, आपके लिए ये खतरनाक साबित हो सकता है. ऐसा करके आप कई घातक बिमारियों को दावत दे रहे हैं. ऐसा हम नहीं बल्कि, News.com.au की ये रिपार्ट कह रही है. माइक्रोबायलोजिस्ट प्रोफेसर सैली ब्लूमफील्ड कहती हैं कि ज़्यादातर लोगों को ये लगता है कि सबसे अधिक गंदगी और किटाणु टॉयलेट बाउल और फ़र्श पर होते हैं, लेकिन ऐसा नहीं है इसके अलावा भी बहुत सारी चीज़ें हैं, जिसकी वजह से हम अकसर बीमारियों से घिरे रहते हैं. अगर आप स्वस्थ्य रहना चाहते हैं, तो आपको अपनी इन 5 आदतों में तुरंत बदलाव लाना चाहिए.



वॉशरूम में फ़ोन का इस्तेमाल करना
भले ही टॉयलेट के अंदर सेल फ़ोन यूज़ करने में आपको सहूलियत नज़र आती हो, लेकिन हक़ीकत ये है कि ऐसा करके आप अपनी हेल्थ के साथ बहुत बड़ा खिलवाड़ कर रहे हैं. लंडन मेट्रोपोलिटिन यूनिवर्सिटी के डॉक्टर पॉल मेटेवेले कहते हैं कि टॉयलेट में बैठने से लेकर हैंड वॉश करने तक के बीच में फ़ोन यूज़ बेहद ख़तरनाक साबित हो सकता है.

टॉयलेट सीट, नल, हैंडल्स और सिंक में ई कोली नामक किटाणु पाए जाते हैं, जिससे यूटीआई (यूरिनरी ट्रैक्ट इंफेक्शन) और आंतों से संबंधित गंभीर समास्याएं उत्पन्न हो सकती हैं. इसके परिणाम स्वरूप आप डायरिया और एसिनटोबैक्टर यानि, श्वसन से संबंधित बीमारी से ग्रसित हो सकते हैं.

हैंडबैग साफ न करना
हैंडबैग और पर्स लगातार हमारे टच में रहते हैं, जिसके कारण हमारा बैग नोरोवायरल, MRSA और ई कोली नामक ख़तरनाक किटाणुओं से लिप्त रहता है. इन किटाणुओं से होने वाली बीमारी से बचने के लिए, आपको रोज़ाना बैग को एंटीबायोटिक क्लॉथ से अंदर और बाहर दोनों तरफ़ से साफ़ करना चाहिए.