महाराष्ट्र के पुणे में स्थित कालभोर गांव में सेप्टिक टैंक की सफाई के दौरान दम घुटने से चार लोगों की मौत हो गई। ये घटना बुधवार सुबह की बतायी जा रही है। दमकल विभाग के कर्मचारी मौके पर मौजूद है। इस मामले में अभी अधिक जानकारी की प्रतीक्षा है। गौरतलब है कि बीती 25 फरवरी को भी ठाणे के भिवंडी इलाके में एक सार्वजनिक शौचालय के सेप्टिक टैंक में विस्फोट हो गया था। जिससे 60 वर्षीय एक बुजुर्ग की मौत हो गई थी और दो लोग घायल हो गए थे। ये हादसा सुबह के समय हुआ था। हादसे की सूचना मिलते ही वहां पहुंचे दमकल कर्मियों ने मलबे में फंसे घायलों को बाहर निकाला और इलाज के लिए उन्हें अस्पताल में भेजा गया। दमकल कर्मियों ने बताया कि अत्याधिक दबाव व गैस की वजह से सेप्टिक टैंक में विस्फोट हुआ था.
भिवंडी निजामपुर नगर निगम के दमकल विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि इस हादसे में मरने वाले व्यक्ति की पहचान 60 वर्षीय इब्राहिम के रूप में हुई है। वहीं स्थानीय लोग इस हादसे के लिए नगर निकाय को जिम्मेदार ठहरा रहे हैं। लोगों का दावा है कि शौचालय का ठीक से रखरखाव नहीं किया गया जिसकी वजह से ये हादसा हुआ। उन्होंने इस हादसे के शिकार हुए इब्राहिम के परिवार वालों के लिए उचित मुआवजे की भी मांग की है।
बता दें कि इससे पहले भी इस तरह की कई घटनायें हो चुकी हैं। ऐसी ही एक घटना मुंबई के गोवंडी इलाके में भी हुई थी। यहां एक आवासीय सोसायटी के एक अधिकारी को सेप्टिक टैंक की सफाई के दौरान तीन श्रमिकों की मौत के मामले में गिरफ्तार किया गया था। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार यहां स्लम रिहैबिलिटेशन अथॉरिटी की 22 मंजिला इमारत मौर्य सोसाइटी में सेप्टिक टैंक की सफाई के दौरान मजदूरों की दम घुटने से मौत हो गई थी। ये इमारत पूर्वी उपनगर के गणेशवाड़ी क्षेत्र में स्थित है। इन कर्मचारियों को ठेके पर रखा गया था।